असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बुधवार को कहा कि राज्य सरकार वर्ष 2026 में अवैध आव्रजन के खिलाफ अपने अभियान को और अधिक तेज और सख्त बनाएगी। उन्होंने कहा कि 2025 में बड़े पैमाने पर चलाए गए “पुश-बैक” अभियान के आधार पर आने वाले वर्ष में भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी, जिसका लक्ष्य अवैध रूप से प्रवेश करने वाले बांग्लादेशी नागरिकों को सीमा पार वापस भेजना है।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने पिछले वर्ष कई अवैध प्रवेशकर्ताओं को वापस भेजा था और अब इस दिशा में और निर्णायक कदम उठाए जाएंगे। सरमा ने लिखा, “2026 में हम इस प्रयास को और अधिक कठोर बनाएंगे और और भी ज्यादा ‘पुश-बैक’ करेंगे। असम आपकी शरणस्थली नहीं है।” उन्होंने बताया कि मंगलवार की रात ही 18 व्यक्तियों को सीमा पार वापस भेजा गया।
सरमा ने एक बार फिर दावा किया कि अनियंत्रित घुसपैठ असम की जनसांख्यिकीय संरचना, सामाजिक सद्भाव और आंतरिक सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार स्वदेशी समुदायों के अधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और कानून लागू करने के मामले में “किसी भी तरह का समझौता” नहीं किया जाएगा।